वनमंत्री केदार कश्यप के हाथों अबूझमाड़ में स्मार्ट पुलिसिंग की नई शुरुआत
नारायणपुर। अबूझमाड़ जैसे दूरस्थ अंचल में भी तकनीक आधारित सुशासन को मजबूती देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए छत्तीसगढ़ शासन के वन, जलवायु परिवर्तन, जल संसाधन, कौशल विकास एवं सहकारिता मंत्री केदार कश्यप ने थाना कोहकामेटा में ई-मालखाना 2.0’ सॉफ्टवेयर का शुभारंभ किया। इस डिजिटल व्यवस्था के शुरू होने के साथ ही नारायणपुर जिले के सभी 14 थानों में आधुनिक एवं स्मार्ट मालखाना प्रबंधन प्रणाली लागू हो गई है।
इस अवसर पर मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के डिजिटल इंडिया के विजन के अनुरूप तकनीक आधारित नवाचार शासन और प्रशासन की कार्यक्षमता बढ़ाने का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने नारायणपुर पुलिस की इस अभिनव पहल की सराहना करते हुए कहा कि इससे पुलिस कार्यप्रणाली में पारदर्शिता, जवाबदेही और दक्षता को नई मजबूती मिलेगी। ई-मालखाना 2.0’ के तहत अब प्रत्येक जप्त संपत्ति एवं कैश प्रॉपर्टी को यूनिक बारकोड आधारित डिजिटल पहचान प्रदान की जाएगी। बारकोड स्कैन करते ही संबंधित प्रकरण, जप्ती विवरण, जमा तिथि और वस्तु की वर्तमान स्थिति जैसी सभी महत्वपूर्ण जानकारियां तत्काल उपलब्ध होंगी। इससे मालखाना प्रबंधन अधिक सुरक्षित, व्यवस्थित और पारदर्शी बनेगा। मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि अबूझमाड़ जैसे चुनौतीपूर्ण क्षेत्रों में डिजिटल व्यवस्थाओं का विस्तार सरकार की प्राथमिकता है। इस प्रकार की तकनीकी पहलें न केवल प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत बनाती हैं बल्कि आम नागरिकों का विश्वास भी बढ़ाती हैं।

नारायणपुर पुलिस अधीक्षक रॉबिंसन गुड़िया ने बताया कि ‘ई -मालखाना 2.0’ को नारायणपुर पुलिस द्वारा विकसित किया गया है, जिसका उद्देश्य पारंपरिक कागजी प्रक्रियाओं को डिजिटल स्वरूप देकर मालखाना प्रबंधन को अधिक प्रभावी बनाना है। इससे अभिलेखों का संधारण सरल होगा और पुलिस अधिकारियों को कार्यों के बेहतर निष्पादन में सहायता मिलेगी। उल्लेखनीय है कि नारायणपुर पुलिस द्वारा सामुदायिक पुलिसिंग, जनसहभागिता और तकनीकी नवाचार के क्षेत्र में लगातार नए प्रयोग किए जा रहे हैं। ‘ई -मालखाना 2.0’ उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो अबूझमाड़ सहित पूरे जिले में स्मार्ट पुलिसिंग और डिजिटल प्रशासन को नई दिशा प्रदान करेगा।
