सुकमा में स्वास्थ्य सेवाओं का नया अध्याय, गुणवत्ता और जनविश्वास की बनी मिसाल : केदार कश्यप
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को गुणवत्तापूर्ण, सुलभ और जनकेंद्रित बनाने की दिशा में निरंतर कार्य किया जा रहा है। इसी कड़ी में वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री तथा सुकमा जिले के प्रभारी मंत्री केदार कश्यप के मार्गदर्शन में सुकमा जिले ने स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। विकासखंड सुकमा के आयुष्मान आरोग्य मंदिर उप स्वास्थ्य केंद्र सुकमा-01 को भारत सरकार का प्रतिष्ठित राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन (एनक्वास) प्रमाणपत्र प्राप्त हुआ है। इसके साथ ही जिले के 17 स्वास्थ्य केंद्र राष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों का प्रमाणपत्र प्राप्त कर चुके हैं।
इस उपलब्धि पर प्रभारी मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार की प्राथमिकता है कि प्रदेश के अंतिम छोर तक रहने वाले प्रत्येक नागरिक को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हों। सुकमा जैसे दूरस्थ अंचल में स्वास्थ्य सेवाओं को राष्ट्रीय स्तर पर गुणवत्ता का प्रमाण मिलना इस दिशा में सरकार की प्रतिबद्धता और प्रभावी कार्यप्रणाली का परिणाम है।
राष्ट्रीय मूल्यांकन में उप स्वास्थ्य केंद्र सुकमा-01 ने 93.04 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। यह उपलब्धि स्वास्थ्य विभाग की बेहतर कार्यसंस्कृति, सेवा गुणवत्ता और जनहित के प्रति समर्पित प्रयासों को दर्शाती है।
राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन (एनक्वास) प्रमाणपत्र केवल उन स्वास्थ्य संस्थानों को प्रदान किया जाता है, जो मरीजों की संतुष्टि, स्वच्छता, सुरक्षित मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाएं, मानसिक स्वास्थ्य, संचारी एवं गैर-संचारी रोगों की देखभाल, प्रयोगशाला सेवाओं तथा प्रभावी स्वास्थ्य प्रबंधन सहित सभी निर्धारित मानकों पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हैं।
आयुष्मान आरोग्य मंदिर उप स्वास्थ्य केंद्र सुकमा-01 आधुनिक प्रसव कक्ष, सुसज्जित प्रयोगशाला तथा आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाओं से सुसज्जित है। यह केंद्र लगभग 7,417 ग्रामीणों को गुणवत्तापूर्ण, सुरक्षित और समयबद्ध स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करा रहा है।
मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि साय सरकार स्वास्थ्य अधोसंरचना के विकास के साथ-साथ सेवाओं की गुणवत्ता और जनसंतुष्टि को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। आयुष्मान भारत सहित विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से सुदूर वनांचल के लोगों को भी बेहतर चिकित्सा सुविधाओं का लाभ मिल रहा है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सुकमा की यह उपलब्धि प्रदेश के अन्य जिलों के लिए भी प्रेरणा बनेगी और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार को नई गति मिलेगी।
