जनप्रतिनिधियों को उपेक्षित किया रेंजर ने, डीएफओ के चेंबर में धरने पर बैठे कांग्रेस नेता
जगदलपुर। बस्तर संभाग के सुकमा जिले के कोंटा में वन विभाग द्वारा आयोजित वन महोत्सव कार्यक्रम में वन परिक्षेत्र अधिकारी कोंटा महेश पासवान ने निर्वाचित कांग्रेसी जनप्रतिनिधियों की घोर उपेक्षा की।

कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष, नगर पंचायत अध्यक्ष एवं अन्य जनप्रतिनिधियों को न तो आमंत्रित किया गया, न ही आमंत्रण पत्र में उनका नाम दिया गया था।
वन विभाग के रेंजर महेश पासवान की इस करतूत को सोची समझी साजिश और ओछी राजनीति का हिस्सा बताते हुए प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सचिव दुर्गेश राय ने कहा है कि जिले के अधिकारी भाजपा नेताओं की कठपुतली बनकर नाच रहे हैं। निर्वाचित कांग्रेसी जनप्रतिनिधियों के इस अपमान से नाराज कांग्रेस नेताओं वन मंडल अधिकारी सुकमा के चेंबर में फर्श पर बैठकर रेंजर द्वारा किए दुस्साहस को लेकर विरोध जताया और रेंजर के इस कृत्य की निंदा करते हुए उनके खिलाफ तत्काल कार्रवाई करने की मांग की। डीएफओ के आश्वासन के बाद ही सभी जनप्रतिनिधि शांत हुए। सुकमा जिला पंचायत अध्यक्ष सोयम मगम्मा एवं जिला पंचायत सदस्य गीता कवासी, प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सचिव दुर्गेश राय, आयशा हुसैन, पिंकू चौहान, मुकेश कश्यप, नजीर, बाबा हुसैन, विनोद पेड्डी, कोसा, आदि ने बीजेपी का गमछा भेटकर रेंजर को बीजेपी ज्वाइनिंग कराने तथा भाजपा नेताओं की खातिरदारी करने को कहा। कांग्रेस नेता दुर्गेश राय ने कहा कि भाजपा की चमचागिरी करने वाले इस अधिकारी पर 7 दिवस के अंदर कार्रवाई न होने की स्थिति में पूरे सुकमा जिले के तमाम कांग्रेस समर्थित जनप्रतिनिधि एवं कांग्रेस कार्यकर्त्ता उग्र आंदोलन करते हुए जिला मुख्यालय में वन मंडल अधिकारी ऑफिस घेराव करेंगे।
