सरपंच रेणु गायकवाड़ के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर रोक, सचिव ने कोर्ट के आदेश को नकारा
बालोद। जिले की डौंडी लोहारा जनपद की ग्राम पंचायत संबलपुर की सरपंच रेणु गायकवाड़ के खिलाफ 15 अप्रैल को लाया गया अविश्वास प्रस्ताव पूर्णतः अवैधानिक था, जिस पर यायालय ने रोक लगा दी है। वहीं पंचायत सचिव ने न्यायालय का आदेश लेने से इंकार कर कोर्ट की अवमानना कर दी है। सचिव के खिलाफ कोर्टअब कड़ा एक्शन ले सकता है।

अपर कलेक्टर बालोद ने आदेश क्रमांक 2605/2025, दिनांक 20 अप्रैल 2026 के द्वारा अविश्वास प्रस्ताव के क्रियान्वयन पर आगामी आदेश तक रोक लगा दी है। न्यायालय ने माना कि यह प्रस्ताव लालच देकर लाया गया तथा अधिकांश पंचों के हस्ताक्षर उन्हें बिना बताए करवाए गए थे। पीठासीन अधिकारी की कार्यवाही भी अवैधानिक पाई गई। 23 अप्रैल को जब सरपंच द्वारा न्यायालयीन आदेश का पालन कराने हेतु आवेदन प्रस्तुत किया गया, तो संबलपु के पंचायत सचिव द्वारा आवेदन लेने से स्पष्ट मना कर दिया गया। इस दौरान गवाह के रूप में पंच उपस्थित थे, साथ ही पंचायत के चपरासी बाबूलाल जोशी, भृत्य पटेल एवं कंप्यूटर ऑपरेटर मुकेश साहू भी पंचायत में उपस्थित थे। सरपंच रेणु गायकवाड़ ने कहा है कि मुझे न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है। सत्य की जीत हुई है। अपर कलेक्टर के आदेश के बाद भी सचिव द्वारा आवेदन न लेना न्यायालय की अवमानना है। सरपंच श्रीमती गायकवाड़ ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि सचिव के विरुद्ध तत्काल अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए। सरपंच ने ग्राम संबलपुर की जनता को विश्वास दिलाया है कि विकास कार्य बिना किसी बाधा के चलते रहेंगे।
