महिला आरक्षण पर सिर्फ ड्रामा कर रही है मोदी सरकार: अनवर खान
जगदलपुर। लोकसभा में महिला आरक्षण संशोधन बिल गिरने के बाद भाजपा द्वारा कांग्रेस पर महिला विरोधी होने के आरोपों पर छत्तीसगढ़ राज्य मदरसा बोर्ड के पूर्व सदस्य एवं जिला कांग्रेस के प्रशासनिक महामंत्री अनवर खान ने पलटवार करते हुए कड़े शब्दों में निंदा की है। श्री खान ने कहा है कि भाजपा की षड्यंत्रकारी नीतियों कांग्रेस ने विरोध कर मुंहतोड़ जवाब दिया है और देश भर में विरोध प्रदर्शन कर आक्रोश जताया और महिला आरक्षण के मसले पर भाजपा के नियत पर सवाल खड़े किए हैं।
कांग्रेस नेता अनवर खान ने कहा है भाजपा महिला आरक्षण पर झूठ फैलाकर महिलाओं को गुमराह कर रही है और बेनकाब भी हो चुकी है। उन्होंने कहा कि सितंबर 2023 में संसद में जब महिला आरक्षण बिल पारित हुआ था तो कांग्रेस सहित सभी विपक्षी दलों ने इस बिल के समर्थन में वोट किया था। देश की महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण मिले पूरा देश इसके पक्ष में सरकार के साथ खड़ा था। अगर कांग्रेस इस बिल के विरोध में होती तो इसे पारित कराने के लिए समर्थन नही करती। जब सारे दलों के समर्थन से यह बिल पास हुआ तो इसे लागू क्यों नहीं किया? अनवर खान ने कहा कि 2023 से लेकर 2025 तक इस कानून को क्यों लटकाए रखा? अब जब 2026 में देश में 5 राज्यों में चुनाव हैं, तो इसका राजनीतिक फायदा लेने के लिए इसमें परिसीमन कराने के नाम पर इस बिल को फिर से संसद में लाकर इसे तूल दिया गया। जब बिल संसद में गिर जाता है तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कांग्रेस का नाम ले लेकर तंज कसते और आरोप लगाते हैं कि कांग्रेस ने बिल को समर्थन नहीं दिया और वह महिला आरक्षण बिल की विरोधी है। श्री खान ने कहा कि ये वही कांग्रेस है जिसने पंचायती राज अधिनियम इस देश में लागू किया था जहां वार्ड पंच, सरपंच से लेकर विधायक एवं संसद तक में महिलाओं को आरक्षण दिया गया। फलस्वरूप आज लोकसभा एवं राज्यसभा में महिलाएं जनप्रतिनिधि के रूप में चुनकर आ रही हैं और जनता का प्रतिनिधित्व कर रही हैं। यह कांग्रेस की ही देन है। अनवर खान ने कहा कि भाजपा के शासन काल मे एसटी, एससी, ओबीसी, अल्पसंख्यक सहित अधिकांश वर्ग शासन की लाभकारी योजनाओं से वंचित हैं। भाजपा केवल चुनाव के दौरान ही महिलाओं के हितैषी होने का ढोंग करती है। आज देश के अधिकांश राज्यों में भाजपा सत्ता में है और ये भाजपाई महिलाओं को उनका हक दिलाने की बात करते हैं तो इन्हें बताना चाहिए कि मणिपुर में हमारी एक बेटी के साथ जिस तरह का बर्बरता पूर्ण व्यवहार हुआ क्या उसके लिए आज तक प्रधानमंत्री, गृहमंत्री ने मणिपुर की जनता के प्रति सहानुभूति व्यक्त की या उससे माफी मांगी, सवाल आज भी खड़ा है। यह किस मुंह से महिलाओं के अधिकार की बात करते हैं जहां महिलाओं की अस्मिता के साथ खिलवाड़ हुआ आज देश में महिला सुरक्षा कानून कहां है? भाजपा महिला आरक्षण के नाम पर कोई बड़ा पॉलिटिकल खेल करने जा रही थी जिसे कांग्रेस सहित विपक्षी दलों ने रोका है कांग्रेस हमेशा देश व संविधान को बचाने का काम किया जिस पर हमे गर्व है। अनवर खान ने कहा कि आरक्षण देना है तो 543 सीटों पर ही मिलना चाहिए नए संशोधन पर नही। जब 2023 में महिला आरक्षण बिल संसद के पटल पर पास हो चुका है और यह कानुन भी बन चुका है तो फिर परिसिमन जनगणना के आड़ में फिर से बिल में संशोधन पास करवाकर आखिर मोदी सरकार क्या बताना चाहती है या फिर कोई नया शिगूफा छोड़कर देश का ध्यान भटकाने का प्रयास कर रही है। श्री खान ने कहा कि महिलाओं की अस्मिता और उनकी सुरक्षा की बात करने वाली भाजपा सरकार की आज महिला आरक्षण बिल के नाम पर असलियत पूरी तरह उजागर हो चुकी है। इनकी मंशा यदि महिलाओं को आरक्षण देने की होती तो 2023 में ही कानून लोकसभा व राज्यसभा से पास हो चुका था और कानून बन चुका था इसे आगे क्यों नहीं बढ़ाया गया? भाजपा परिसिमन की आड़ में पॉलिटिकल माइलेज लेने की कोशिश कर रही थी जिसे देश की तमाम विपक्षी पार्टियों ने समर्थन न कर भाजपा को आईना दिखाने का काम किया है।
