सचिन पायलट के आने से तिलमिला गए हैं भाजपाई: जावेद खान
जगदलपुर। युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता जावेद खान ने कहा है कि कांग्रेस के छत्तीसगढ़ प्रभारी सचिन पायलेट के बस्तर दौरे पर आने और कार्यकर्ताओं द्वारा उनका जगह-जगह जोशीला स्वागत किए जाने से भाजपाई भयभीत हो उठे हैं और बौखला गए हैं। जावेद ने तीखा हमला बोलते हुए भाजपाईयों की प्रतिक्रियाओं को पायलट के बस्तर दौरे पर आने से तिलमिलाहट और झुंझलाहट करार दिया है।
जावेद खान ने बस्तर सांसद महेश कश्यप और जिला भाजपा अध्यक्ष वेदप्रकाश पांडे को चुनाव आयोग का प्रवक्ता बताते हुए कहा है कि इन्हें यह भी बताना चाहिए कि बिहार में SIR के बाद काटे गए 65 लाख मतदाताओं के नामों में से कितने मतदाताओं को चुनाव आयोग ने घुसपैठियों के तौर पर चिन्हांकित किया और मोदी सरकार को इन घुसपैठियों की सूची दी तथा उन घुसपैठियों पर क्या कार्यवाही की अब तक मोदी सरकार ने की है? जावेद ने कहा है कि जब-जब कांग्रेस पार्टी चुनाव आयोग की निष्पक्षता और कार्यशैली पर सवाल उठाती है, पूरी भाजपा चुनाव आयोग के बचाव में उतर आती है। यह जाहिर करता है दाल में कुछ काला नहीं, पूरी दाल ही काली है। कांग्रेस पार्टी ने एसआईआर का न तो कभी विरोध की है और ना ही कर रही है। एसआईआर देश में पहली बार नहीं हो रहा है। पहले भी देश में 8 बार एसआईआर हो चुका है जो स्वस्थ लोकतंत्र के लिए एक अनिवार्य और महत्वपूर्ण प्रक्रिया है, परंतु वर्तमान में हो रहे एसआईआर पर सवाल केवल इसलिए उठ रहे हैं क्योंकि वर्तमान चुनाव आयोग में बैठे लोगों की भूमिका इसमें संदिग्ध है।आज ना तो चुनाव आयोग निष्पक्षता दिखा रहा है और न ही पारदर्शिता से कार्य कर रहा है। एक संवैधानिक संस्था जिसकी जिम्मेदारी लोकतंत्र को मजबूत रखने की है। निष्पक्ष चुनाव कराने की है आज केवल भाजपा को फायदा पहुंचाने भाजपा की एक इकाई के रूप में कार्य करता नजर आ रहा है।चुनाव आयोग हठधर्मिता दिखाते हुए विपक्ष की शंकाओं को दूर करने के बजाय एक राजनीतिक दल की तरह स्वयं को पेश कर रहा है जिसके चलते आज चुनाव आयोग सवालों के घेरे में है। ऐसे में देश के लोकतंत्र को बचाने कांग्रेस पार्टी चुनाव आयोग के कार्यों पर कड़ी निगरानी रख रही है और भाजपा को लाभ पहुंचाने के बजाय निष्पक्ष चुनाव कराने चुनाव आयोग को मजबूर कर रही है। इसी उद्देश्य को लेकर आज सचिन पायलट कांग्रेस कार्यकर्ताओं को कमर कसने और कड़ी निगरानी रखने आदेशित करने बस्तर आए थे। जावेद ने जनता को सच से रूबरू कराते हुए और सांसद महेश कश्यप और भाजपा जिलाध्यक्ष वेदप्रकाश पांडे को आईना दिखाते हुए संसद में दिए गए विदेश मंत्रालय के आंकड़ों के साथ बताया है कि भाजपा केवल घुसपैठियों के नाम पर राजनीति कर रही है। असल में मोदी काल में भारत घुसपैठियों के लिए सबसे सुरक्षित शरणस्थली बन चुका है। यूपीए सरकार में जहां दस वर्षों में बांग्लादेशी, रोहिंग्या और संदिग्ध 88,792 घुसपैठियों को देश से बाहर निकाला गया था। वहीं नरेंद्र मोदी की 11 वर्षों की सरकार में अबतक मात्र 3518 बांग्लादेशी घुसपैठियों को प्रत्यर्पित किया गया है। जबकि मोदी सरकार देश में 2 करोड़ घुसपैठिए होने का दावा करती है। जावेद ने कहा इन आंकड़ों से साफ पता चलता है कि भाजपा घुसपैठियों के मामले में कितनी गंभीर है और कितना उनके नाम पर राजनीति करती है और सांसद बस्तर तथा जिला अध्यक्ष भाजपा अपने शीर्ष नेतृत्व के पदचिन्हों पर चलकर बस्तर की जनता को गुमराह कर रहे हैं।
