विवादों में घिरे बीजापुर के अधिकारी सुकमा डीएमसी बनने लगा रहे जुगाड़
जगदलपुर। बस्तर संभाग के सुकमा जिले के डीमएसी उमाशंकर तिवार के सेवानिवृत्त होते ही कई अधिकारी इस कुर्सी को पाने राजधानी तक की दौड़ लगा चुके हैं। इनमें बीजापुर के एक विवादित अधिकारी भी शामिल हैं। ये अधिकारी कांग्रेस सरकार में डीएमसी के पद पर पदस्थ थे। भाजपा सरकार बनते ही उन्हें हटा दिया गया था।
खबर है कि बीजापुर के उक्त विवादित अधिकारी सुकमा डीएमसी बनने का जुगाड़ लगा चुके हैं और डीएमसी पद की दौड़ में सबसे आगे हैं। इस अधिकारी पर भ्रष्टाचार के कई आरोप लग चुके हैं। खबर है कि बीजापुर के पूर्व डीएमसी श्री राठौर का विवादों से नाता रहा है जो पोटा केबिन में सामग्री खरीदी, कार्यालय भवन निर्माण सहित अन्य कई मामलों में विवादित रहे हैं। सुकमा में अपना कब्जा जमाने के जुगाड़ में भाजपा नेताओं के चरण वंदन में जुटा है।
सुकमा जिले मे आज डी एम सी उमा शंकर तिवारी सेवा निर्वित हो गये हैं. उनके स्थान पर बीजापुर जिले में कांग्रेस शासन काल में विवादों से घिरे रहने वाले अधिकारी पूर्व डीएमसी जिन्हे भाजपा सरकार बनते ही हटाया गया वे फिर एक बार डीमएसी सुकमा बनने के लिये जुगाड़ कर चुके हैं। उन्होंने अपने कार्यकाल में बीजापुर में कई कारनामो को अंजाम दिया है। अब सुकमा जिले में आने की तैयारी कर रहे हैं। इसकी भनक लगते ही स्थानीय नेताओं ने ऐसे विवादस्पद अधिकारी को सुकमा में लाकर भ्रष्टाचार की नई कहानी लिखने नहीं देने के लिये स्थानीय नेताओं ने मंत्रियों से गुजारिश की। हमेशा मलाई दार पदों में रहने वाले बीजापुर के पूर्व डीएमसी मंत्री के चरण वंदन कर डीएमसी की कुर्सी पाने के जुगाड़ में लगे हैं। खबर है कि भाजपा के पूर्व मंत्री के सहारे उक्त विवादित अधिकारी सुकमा में रिक्त पड़े डीमएसी की कुर्सी पाने के जुगाड़ में लगे हैं।
