नक्सलियों की मांद में फोर्स ने बनाया अपना नया ठिकाना, खुलवाई 25 साल से बंद पड़ी सड़क
-अर्जुन झा-
जगदलपुर। नया साल, नई सुबह और बड़ी सौगात। पूरे 25 साल बाद जिला मुख्यालय बीजापुर से पामेड़ को जोड़ने वाला मार्ग पर आवागमन आज बहाल हो गया। नक्सलियों ने इस सड़क को बंद कर रखा था। इस सड़क को खोलने के साथ ही सुरक्षा बलों ने नक्सलियों की एक और मांद में अपना नया ठिकाना बना लिया है। इससे नक्सल उन्मूलन अभियान को और गति मिलेगी।
बस्तर संभाग के बीजापुर जिले के अंदरूनी क्षेत्रो में नक्सल उन्मूलन एवं विकास कार्यो को गति देने करने के उद्देश्य से बस्तर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक सुंदरराज पी., सीआरपीएफ रायपुर सेक्टर के पुलिस महानिरीक्षक राकेश अग्रवाल, दंतेवाड़ा रेंज के डीआईजी पुलिस कमलोचन कश्यप, सीआरपीएफ ऑप्स कोंटा सेक्टर के सूरजपाल वर्मा डीएस नेगी केरिपु ऑप्स सेक्टर बीजापुर के मार्गदर्शन एवं डॉ. जितेंद्र कुमार यादव पुलिस अधीक्षक बीजापुर, राजीव कुमार कमांडेंट 151 वाहिनी केरिपु, अमित कुमार कमांडेंट 202 कोबरा, संतोष कुमार मल्ल कमांडेंट 204 कोबरा, देवेन्द्र सिंह कमांडेंट 207 कोबरा के निर्देशन में छत्तीसगढ़ शासन द्वारा संचालित नियद नेल्ला नार योजना के तहत नक्सलियों के पीएलजीए बटालियन नम्बर 1 के कोर क्षेत्र में 31 दिसंबर को नवीन सुरक्षा कैम्प कोरागुट्टा में स्थापित किया गया। यह कैम्प नक्सलियों के पीएलजीए बटालियन के कोर क्षेत्र में स्थापित किया गया है। इसका उद्देश्य क्षेत्र में नक्सलियों के विरूद्ध प्रभावी कार्यवाही करना तथा आम जनों तक विकासात्मक कार्यों और मूलभूत सुविधाओं का लाभ पहुंचाना है। कैम्प स्थापना के बाद 1 जनवरी को नव वर्ष के प्रथम दिन 25 वर्षों से बंद पड़े बीजापुर- तर्रेम- कोंडापल्ली – पामेड़ मार्ग पर आवागमन आम जनता के लिए बहाल हो गया है। तर्रेम से पामेड़ मार्ग पर सड़क निर्माण का कार्य प्रगति पर है। विदित हो कि पूर्व में आम लोगों को बीजापुर से पामेड़ जाने के लिए तेलंगाना राज्य के चेरला से होते हुए लगभग 210 किमी की लंबी दूरी तय करनी पड़ती थी जो अब इस मार्ग के खुलने से यह दूरी लगभग 100 किमी कम हो गई है। क्षेत्र में सड़क मार्ग का विस्तार और पुलों का निर्माण, आवागमन, बिजली, पानी की सुविधा, स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। क्षेत्र में पीडीएस दुकानें, शिक्षा की व्यवस्था, मोबाइल कनेक्टिविटी का विस्तार किया जाएगा। नवीन सुरक्षा कैम्प की स्थापना से क्षेत्र के आम-जनों में विश्वास व जागरूकता पैदा हो रही है।
