राज्य शासन द्वारा धान खरीदी व्यवस्था को पारदर्शी बनाने किए गए प्रयास का दिखने लगा असर
राजदीप शर्मा
छोटे कापसी। राज्य शासन द्वारा चालू वर्ष में धान खरीदी व्यवस्था को अधिक सुचारू और पारदर्शी बनाने के लिए किए गए प्रयासों का सकारात्मक प्रभाव अब गांव-गांव में दिखाई देने लगा है। कोरेनार सेवा सहकारी समिति अंतर्गत इरपानार फंड में धान बेचने पहुंचे किसान सुजीत गोलदार ने बताया कि इस बार खरीदी केंद्रों में केंद्र प्रभारी के द्वारा सही तौल,भुगतान की विश्वसनीय व्यवस्था और सुविधाओं में सुधार के कारण क्षेत्र के किसानों को काफी सहूलियत मिल रही है।
जिले के कोयलीबेडा विकासखण्ड अंतर्गत इरपानार धान खरीदी केन्द्र में किसान जगन्नाथ शील,मृत्युंजय विस्वास,विशाखा बढ़ाई,दिलीप विस्वास,गोबिंद मंडल,सुजीत साहा,जीवन शील ने कहा कि शासन द्वारा समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की स्पष्ट व्यवस्था, टोकन प्रणाली का बेहतर संचालन और खरीदी केंद्रों में स्टाफ की उपलब्धता ने प्रक्रिया को पहले की तुलना में काफी सुगम बना दिया है। इसके कारण किसानों को समय की बचत के साथ-साथ आर्थिक सुरक्षा का भरोसा भी मिल रहा है। उन्होंने धान विक्रय करने टोकन कटवाने की बात कही और मंगलवार को सुबह धान लेकर धान खरीदी केन्द्र पहुंचा है। यहां तौल करवाने के लिए बारदाने सहित हमाल भी उपलब्ध हैं। उन्होंने बताया कि किसानों के लिए पेयजल और बैठने की व्यवस्था के साथ धान खरीदी केंद्र की व्यवस्था को पर्याप्त निरूपित किया। उन्होंने बताया कि इस वर्ष बेमौसम की मार से धान की फसल को काफी नुकसान हुआ है। लेकिन धान खरीदी केन्द्र की व्यवस्था से उन्हें धान बेचने में आसानी हो रही है।
इरपनार के धान खरीदी केन्द्र प्रभारी राज सइयाल ने बताया कि इस वर्ष खरीदी सीजन में कोरेनार लैम्पस की ओर से पर्याप्त बारदाना,तिरपाल अन्य व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। वहीं ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से किसानों को उनके धान की तौल और भुगतान की पूरी पारदर्शी जानकारी उपलब्ध हो रही है। उन्होंने बताया कि इस धान खरीदी केन्द्र में पीवी 107,109,ओरछा,इरपानार गांव सहित लगभग अठारह हजार क्विंटल धान विक्रय के लिए किसानों ने पंजीयन करवाया है।
कोरेनार समिति प्रभारी प्रबंधक सुभाष विस्वास ने बताया कि इस वर्ष धान खरीदी के लिए कोरेनार लैम्पस के सभी केंद्र कोरेनार,पीवी105,इरपानार में तैयारियाँ पूर्ण की गई हैं—तौल-कांटा,बोरा उपलब्धता,व्यवस्थित लाइन,सुरक्षा व्यवस्था के साथ घेरा और कंप्यूटराइज्ड घर सभी सुचारू रूप से संचालित किए जा रहे हैं। किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए केंद्र में देखरेख हेतु कर्मचारी को तैनात कर दिए गए हैं साथ ही केंद्र प्रभारी को किसानो के सहूलियत के साथ ही धान तौल में पारदर्शीता सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है।
