एकटागुड़ा के हिंगलाजिन मंदिर में लक्ष्मी जगार का अनूठा पर्व
बकावंड। बस्तर की खुशहाली के लिए हिंगलाजिन माता मंदिर एकटागुड़ा में नौ दिवसीय लक्ष्मी जगार महोत्सव का अनूठा आयोजन चल रहा है। आयोजन के सातवें दिन हजारों श्रद्धांलुओं के साथ बस्तर के विधायक लखेश्वर बघेल भी भक्तिभाव से जगार में शामिल हुए।

बस्तर की लुप्त होती संस्कृति को संरक्षित करने तथा आदिवासियों की प्राचीन संस्कृति को बचाए रखने के लिए ग्राम एकटागुडा में लक्ष्मी जगार का आयोजन किया जा रहा है। विधायक लखेश्वर बघेल ने बताया कि इस धार्मिक कार्यक्रम में एकटागुड़ा के अलावा आसपास के गांवों के भी ग्रामीण प्रत्येक वर्ष शामिल होकर पौराणिक लक्ष्मी जगार हल्बी कथा सुनते हैं। बस्तर की प्रमुख पुरातन धार्मिक परंपरा और आस्था के प्रतीक लक्ष्मी जगार अनुष्ठान पर्व फसल कटाई के बाद गांव गांव मे प्रारंभ हो जाता है। देवी देवताओं के जागरण के इस अनूठे पर्व में सोते देवी देवताओं को जागृत करने के लिए लोक काव्य, गीत का पाठ व सेवा परंपरा का निर्वहन किया जाता है। शुभ फल प्राप्ति के लिए लक्ष्मी जगार अनुष्ठान क्षमता अनुसार 3 दिवसीय, 5 दिवसीय से लेकर 11 दिनों तक करने की परंपरा है।
